भोजपुरी ग़ज़ल
केकरा से प्यार कर लीं केकरा के छोड़ दीं।
तोहरे खुशी के खातिर दुनिया के छोड़ दीं।
अब केहू और तोहरे दिल में त नइखे रहत।
क ह त तोहरे दिल के कमरा के छोड़ दीं।
दुनिया में भाई भाई से अब डेरात बाटे।
छोटका इहे बा चाहत बड़का के छोड़ दीं।
मां बाप बेटा बेटी सभे खुशी से रही ।
रउआ शराब सिगरेट गुटका के छोड़ दीं।
क ह तरू तू माई बबुआ के छोड़ द त।
सो च तनी कि हम अब तोहरा के छोड़ दीं।
राजीव कुमार
केकरा से प्यार कर लीं केकरा के छोड़ दीं।
तोहरे खुशी के खातिर दुनिया के छोड़ दीं।
अब केहू और तोहरे दिल में त नइखे रहत।
क ह त तोहरे दिल के कमरा के छोड़ दीं।
दुनिया में भाई भाई से अब डेरात बाटे।
छोटका इहे बा चाहत बड़का के छोड़ दीं।
मां बाप बेटा बेटी सभे खुशी से रही ।
रउआ शराब सिगरेट गुटका के छोड़ दीं।
क ह तरू तू माई बबुआ के छोड़ द त।
सो च तनी कि हम अब तोहरा के छोड़ दीं।
राजीव कुमार
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