Sunday, December 3, 2023

दिल में जेतना प्रेम रहे अब ओतने बड़ बिमारी बा

भोजपुरी ग़ज़ल 

दिल में जेतना प्रेम रहे अब ओतने बड़ बिमारी बा
जे  के  जान  बनवनी   ऊहे  जान  प  हमरे भारी  बा

उनसे   धोखा  खा  के बुझनी  जे  से  सच्चा प्यार रहे 
जान  बचावे   वाला   मुजरिम,  खूनी   वर्दी  धारी बा

ए दुनिया  में  आज जे  बा सब बनरे से इन्सान बनल
यानी  सबके  नाच-नचावत अभियो  एगो  मदारी  बा

एक  बगइचा  के  ई  दूगो  फूल  ह  हिन्दू मुस्लिम पर 
फूल के  जे  मसलेला   ओकरे  हाथ  में ई फुल्वारी बा

प्रेम  के जड़  जे  काटत बा तू उनके दोस्त बतावे लS
आखिर कब ई बात तू बुझ ब पेड़ के दुश्मन आरी बा

अनपढ़ हो आ पढ़ल-लिखल सब मूरख एक नियर होला
ऊहो  गदहा  गदहे  होला  जेकरा  पीठ   प   धारी बा

शहर  में  तहरे  रुपया  पइसा से धनवान कहाला लोग
लेकिन   हमरे   गांव   में  धन  के  पैमाना  खुद्दारी  बा

नाच  सिनेमा  सांझ  के  देखे  जाईं  त  बाबू  जी  पूछें 
का रे   का ह   अइसे कइसे   कहंवा के   तइयारी  बा

कविता समझ में आये न आये ई सब दिक्कत राउर ह
हमन के सर्विस चौबीस घंटा जनहित में अब जारी बा

राजीव कुमार

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